Thursday, 23 June 2022

क्षणिका: परिचय

मैं ना एक सागर हूं, 

ना ही कोई नदी हूं,

ना मैं एक झील हूं, 

और ना ही तलैया हूं,

मैं तो सिर्फ एक गागर का।

ठंडा - मीठा नीर हूं।।


स्वरचित: मंजू बोहरा बिष्ट।।

गाजियाबाद, उत्तर प्रदेश।

मूलनिवासी: हल्द्वानी, नैनीताल। ‌‌